Skip to content
Amit Kumar Yadav
← Poetry · कविता

जो सोया नहीं

Verse

जो सोया नहीं है रातों में भी, वो खयाल जिंदगी का है, जो चुपचाप सुन रहा है सब, वो मौन हाल जिंदगी का है |

सुकून मिलता है अकेले में, ये बात अक्सर कहते है लोग, इसी सन्नाटे में जो खामोश नही है, वो हाल अपनी जिंदगी का है|

Read in